ज़रूर पढ़िए: असम के कौन से सांसद घोड़े पर सवार हो कर पहुंचे संसद

नई दिल्ली

आखिर हमारे सांसदों को हो किया गया है ? वह केवल अपनी क्यों सोचते हैं, जनता की क्यों नहीं सोचते ?  यह प्रश्न आज हर भारतीय नागरिक के ज़ेहन में आ रहा है. हम यह बात इस लिए कह रहे हैं क्योंकि दिल्ली को प्रदूषण से बचाने के लिए दिल्ली सरकार के प्रयासों में जहां दिल्ली का हर नागरिक साथ दे रहा है वहीं देश के सांसद या तो ऑड- इवेन फार्मूले का मज़ाक उड़ा रहे हैं या फिर इसे जान बूझ कर इस को नज़र अंदाज़  कर रहे हैं.

ज़रूर पढ़िए: असम के कौन से सांसद घोड़े पर सवार हो कर पहुंचे संसद कल सांसद और अभिनेता परेश रावल कानून की धज्जियां उड़ाते हुए, ऑड-ईवन नियम तोड़कर संसद पहुंचे. और आज असम के तेजपुर से सांसद आरपी शर्मा घोड़े पर सवार हो कर पहुंचे संसद.

इसे भी पढ़ें: जब परेश रावल समेत कई सांसदों ने उड़ाई कानून की धज्जियां

आज असम के तेजपुर से सांसद आरपी शर्मा को रायसीना रोड पर एक सफेद घोड़े पर सवार हो कर सांसद की और जाते हुए देखा गया. यदी उन के साथ असम के टीवी चैनल के कैमरा मैं नहीं होते तो कोई पहचान भी नहीं पाटा की यह  कौन है और किया कर रहा है. दरअसल सांसद आरपी शर्मा दिल्ली सरकार के ऑड- इवेन का विरोध करने का यह नया अंदाज़ ढून्ढ लिया और किराए के घोड़े से संसद भवन जा रहे थे.

जब घोड़े पर स्वान सांसद महोदय के इर्द गिर्द मीडिया का जमावड़ा लगना शुरू हुआ तो पुलिस ने उन्हें किराए के घोड़े से उतार दिया फिर वह पैदल ही पत्रकारों के सवाल का जवाब देते हुए संसद भवन की और बढ़ लिए.

जब पत्रकारों ने उन से पूछा कि ये पब्लिसिटी स्टंट है क्या ? तो उन्होंने तपाक से उत्तर दिया,  नहीं, यह  ऑड-इवन फार्मूले के विरोध का तरीका है. उन के जवाब पर एक पत्रकार ने पूछ लिया कि दिल्ली सरकार की बस से क्यों नहीं गए ? तो जवाब मिला कि  पांच सौ सांसदों के लिए महज पांच बस लगाई गई वह भी वक्त से नहीं मिलती है.

ऑड-इवन का विरोध करके सुर्खियां बटोरने का यह तरीका शायद कारगर भी हो  लेकिन प्रश्न यह पैदा होता है की आखिर विरोध क्यों ? जब के पिछली बार ऑड-इवन फार्मूले के प्रयोग से दिल्ले को बहुत राहत मिली थी, यह सभी जानते हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

%d bloggers like this: