50 दिनों में सफाई नहीं तो सज़ा भुगतने को तैयार-पी एम मोदी

पणजी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के सारे काले धन को बाहर निकालने के लिए देश वासियों से केवल 50 दिन का मोहलत माँगी है और वायदा किया है कि 50 दिनों में यदी काले धन की सफाई नहीं हुई तो वह सजा भुगतने के लिए तैयार हैं I पीएम मोदी ने कहा कि 500 और 1000 के नोट बंदी ही भ्रष्टाचार और काले धन के खिलाफ उनके अभियान का अंत नहीं है और वह इस बुराई को खत्म करने के लिए अन्य योजनाओं पर भी काम कर रहे हैं।

रविवार के दिन पणजी के पास बाम्बोलिम गांव में श्यामा प्रसाद मुखर्जी इंडोर स्टेडियम में अपने भाषण में लोगों को धैर्य रखने की सलाह देते हुए प्रधानमंत्री ने कहा, ‘यदि आपको मेरी मंशा या मेरी कार्रवाई में कुछ भी गलत लगे तो मुझे सरेआम लटका दीजिए। मैं आपसे वादा करता हूं कि आपको आपके सपनों का भारत दूंगा। यदि किसी को कोई दिक्कत होती है तो मुझे भी दर्द होता है। मैं उनकी समस्या समझता हूं लेकिन यह सिर्फ 50 दिनों के लिए है और 50 दिनों बाद हम इस सफाई में कामयाब हो जाएंगे।’

पी एम मोदी ने कहा कि “मैं जानता हूं कि मैने कैसी ताकतों से लड़ाई मोल ली है। मैं जानता हूं कि कैसे कैसे लोग मेरे खिलाफ हो जाएंगे। मैं वह लूट रहा हूं जो उन्होंने सत्तर साल में जमा किया है। मोदी ने कहा, वे मुझे जिंदा नहीं छोड़ेंगे। वे मुझे बर्बाद करके रहेंगे। उनको जो करना है करे। 50 दिन मेरी मदद करें। देश 50 दिन मेरी मदद करे। उन्होंने कहा, यह अंत नहीं है। मैं खुलकर कह रहा हूं यह पूर्ण विराम नहीं है।

पी एम मोदी ने कहा, मेरे दिमाग में देश से बेईमानी और भ्रष्टाचार खत्म करने की और भी कई योजनाएं हैं। ये योजनाएं आ रही हैं। मैं गरीबों और ईमानदार लोगों के लिए यह कर रहा हूं, जो जीने के लिए कड़ी मेहनत कर रहे हैं। ताकि उन्हें अपना घर मिल सके, उनके बच्चों को अच्छी शिक्षा मिल सके और उनके माता पिता की अच्छी देखभाल हो पाए।

भाषण के बीच एक क्षण मोदी यह कहते हुए भावुक हो गए कि उन्होंने देश की खातिर अपना घर और परिवार छोड़ा है। प्रधानमंत्री ने विमुद्रीकरण के बाद अपने पहले जन समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि उनका फैसला जो करीब 10 महीने गुप्त रहा, वह आर्थिक प्रणाली को सुधारने की उनकी खुराकों का हिस्सा है।

उन्होंने कहा, हमने सरकार बनाने के तुरंत बाद यह देखने के लिए कि काला धन कहां है और यह व्यवसाय कैसे काम कर रहा है, विशेष जांच दल गठित करने के लिए सर्वोच्च न्यायालय के एक पूर्व न्यायाधीश को नियुक्त किया था। उन्होंने कहा, यह टीम काम कर रही है और सर्वोच्च न्यायालय को सूचित कर रही है। पिछली सरकारें इससे बच रही थीं, हमने यह किया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

%d bloggers like this: